In the past, couples were only given a few options for infertility treatment. However, science has advanced to the point where more options are available to help you conceive. One of…
What is the process of IVF with donor embryos? जैसे-जैसे महिला की उम्र बढ़ती है उसके शरीर में कई बदलाव आते जाते हैं जैसे आंखों का कमजोर होना, बालों का…
अगर आप लंबे समय से माता-पिता बनने की कोशिश करने के बावजूद सफल नहीं हो पा रहे हैं तो ऐसे में आपको तुरंत किसी अच्छे डॉक्टर से बात करने की जरूरत है। डॉक्टर के पास ट्रीटमेंट के कई विकल्प होते हैं और वो आपकी जांच करने के बाद ही आपको सही विकल्प चुनने की सलाह देते हैं। आज मेडिकल वर्ल्ड ने काफी तरक्की कर ली है और इसने हमारे सामने आईवीएफ का विकल्प भी पेश किया है। आईवीएफ ट्रीटमेंट IVF Treatment आज के समय में अधिकतर महिलाओं के द्वारा अपनाया जाता है। इसका सक्सेस Success रेट सबसे ज्यादा होता है लेकिन इसमें महिलाओं को थोड़ी सी दिक्कतों का सामना भी करना पड़ता है।
अंडा दान एक ऐसी प्रक्रिया है जिसमें एक महिला दूसरी महिला को गर्भधारण में मदद के लिए उसे अपने अंडे दान करती है। इस प्रक्रिया को आईवीएफ IVF के जरिए पूरा किया जाता है जिसमें अंडों को लैब में निषेचित किया जाता है। इसकी मदद से 18 से 54 साल की उम्र की महिलाएं माँ बन पाती हैं। यह एक बहुत ही संवेदनशील प्रक्रिया है जिसमें दोनों पक्षों की महिलाओं की आपसी सहमति आवश्यक है। केवल वही महिलाएं इस प्रक्रिया से गुजर सकती हैं जो शारीरिक रूप से इसके लिए तैयार हों।
What is a healthy diet to improve fertility? एक खुशहाल और बेहतर जीवन का आधार है अच्छा स्वास्थ्य। अच्छा स्वास्थ्य आपके जीवनयापन के लिए बेहद आवश्यक है। आपके रोज़मर्रा के…
महिलाओं के लिए मां बनना जीवन का सबसे बड़ा सुख माना जाता है। लेकिन आज उनके लिए यह सुख प्राप्त करना इतना आसान नहीं रह गया है। आधुनिक जीवन शैली और कई दूसरे कारणों की वजह से उनके अंदर बांझपन या इनफर्टिलिटी की समस्या काफी हद तक बढ़ रही है। बांझपन एक ऐसी स्थिति है जिसमें महिला 12 महीने तक मां बनने का प्रयास करने के बाद भी गर्भधारण नहीं कर पाती है।
एएमएच का मतलब एंटी-मुलरियन हार्मोन है, और यह ओवेरियन फॉलिकल (ovarian follicles) द्वारा निर्मित एक हार्मोन है। यह महिलाओं में ओवेरियन फॉलिकल के विकास और परिपक्वता में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। लो एएमएच स्तर (Low AMH Level) ओवेरियन फॉलिकल रिजर्व में कमी का संकेत दे सकता है, जो एक महिला के अंडाशय में शेष अंडों की संख्या और गुणवत्ता को संदर्भित करता है।
फैलोपियन ट्यूब (Fallopian Tube) महिलाओं के प्रजनन तंत्र का एक अत्यधिक महत्वपूर्ण अंग हैं, जो गर्भधारण की प्रक्रिया में केंद्रीय भूमिका निभाता है। यह ट्यूब अंडाशय (Ovary) से अंडाणु (Egg) को गर्भाशय (Uterus) तक पहुंचाने का कार्य करती है, ताकि अंडाणु और शुक्राणु मिल सकें और गर्भधारण (Conception) की प्रक्रिया पूरी हो सके।
रसोली/गांठ (Cyst) गर्भाशय की मांसपेशियों में होने वाला एक प्रकार का ट्यूमर है। यूट्रस की मांसपेशियों में अगर एक या एक से ज्यादा गांठ बन जाती है तो रसोली की समस्या पैदा होती है।
टेस्ट ट्यूब बेबी - आई वी एफ या इन विट्रो फर्टीलिज़ेशन प्रोसीजर के माध्यम से बहुत से निःसंतान दम्पत्तियों को उनके परिवार पूर्ण करने में सहयता प्राप्त हुई है| आधुनिक विकास और कटिंग ऐज टेक्नोलॉजी के चलते आईवीएफ उपचार के परिणाम अब बहुत ही उत्साहजनक हैं और पूरी दुनिया में आई वी एफ या टेस्ट ट्यूब बेबी इनफर्टिलिटी ट्रीटमेंट की मदद से तीन मिलियन से भी अधिक बच्चों का जन्म हुआ है।
